
लखनऊ (उत्तर प्रदेश). जेपीसी कानून व्यवस्था उपेंद्र अग्रवाल ने बताया कि लखनऊ की सड़कों पर ई रिक्शा चलाना अब आसान नहीं होगा। ई रिक्शा का सत्यापन होने के बाद ही चल पाएगा। लखनऊ में 40000 लगभग सत्यापन फॉर्म बांटे गए थे, जिसमें से लगभग 7000 ही जमा हो पाए हैं।
1 फरवरी से ई रिक्शा सत्यापन अभियान
उपेंद्र अग्रवाल ई रिक्शा वालों को चेतावित करते हुए यह बताया कि यदि आपका सत्यापन फॉर्म नहीं जमा हुआ तो 2000 का चालान किया जाएगा। पहले प्रतिदिन 2000 का चलन होगा। इसके बाद गंभीर धाराओं में आपके प्रति केस दर्ज किए जाएंगे और कार्रवाई होगी। 1 फरवरी से विशेष अभियान सभी थाना के क्षेत्र में चलाया जाएगा। लखनऊ के कागजी रिकॉर्ड में 60000 ई रिक्शा रजिस्टर्ड किए गए हैं।
