अयोध्या धाम सजकर तैयार, कल होगी रामलला की प्राण-प्रतिष्ठा
अयोध्या में प्राण प्रतिष्ठा होने के बाद रामराज्य की स्थापना हो जाएगी, 114 कलशों ,के विभिन्न प्रकार के औषधि जल से मूर्ति को स्नान कराया जाएगा आज, सात दिनों से अनुष्ठान कार्यक्रम चल रहा है, 140 करोड़ भारतीयों को मोदी इसकी भावनाओं से जागरुक कराएंगे।

अयोध्या (उत्तर प्रदेश). 22 तारीख को होने वाले रामलला की प्राण-प्रतिष्ठा के लिए अयोध्या धाम में हजारों-हजार दीपक जलाये जा रहे हैं। चारों दिशाओं में राम के जयकारों की धुन गूँज रही है भारत वर्ष के लिए यह दिन बहुत ही मंगलकारी है।
कल होगी प्राण प्रतिष्ठा
सोमवार के दिन यहाँ पर राम की प्राण-प्रतिष्ठा की जाएगी। राम का यह नया मंदिर बहुत ही खूबसूरत बनाया गया है। इसके पहले के 5वें दिन वैदिक अनुष्ठान किया जा चुका है। अयोध्या ट्रस्ट ने बताया कि 114 कलशों के विभिन्न प्रकार के औषधीय जल से मूर्ति को स्नान कराया जायेगा।

अरुण कुमार योगीराज की मूर्ति चुनी गई
भगवान राम की प्राण-प्रतिष्ठा के लिए सात दिनों से अनुष्ठान कार्यक्रम चल रहा है। 20 जनवरी से लेकर अब तक पुष्पधिवास और शर्क्रधिवास तथा फलाधिवास किये जा चुके हैं। दैनिक पूजा-अर्चना और हवन चीनी तथा फल से की गयी है। मंदिर परिसर में 81 कलशों की स्थापना की गयी है। शाम के समय में पूजा और आरती की जाती है। प्रसिद्ध मूर्तिकार अरुण कुमार योगीराज के द्वारा बनायीं गयी मूर्ति को प्राण-प्रतिष्ठा के लिए चुना गया है। जिस मूर्ति की कल स्थापना की जाएगी।
प्राण प्रतिष्ठा बनेगा ऐतिहासिक दिन
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी कल प्राण-प्रतिष्ठा के दिन 140 करोड़ भारतियों को समारोह के समय संबोधित करगे। वह प्रत्येक भारतीय को इसकी भावनाओं से परिचित कराएँगे। मुख्यमंत्री योगी आदित्य नाथ बताया कि राम मंदिर में रामलला की स्थापना से भारत में अध्यात्मिकता का फिर से जागरण हो जायेगा। यह एक राष्ट्र मंदिर के रूप में जाना जायेगा। रामलला की प्राण-प्रतिष्ठा एक ऐतिहासिक समय बनेगा।
प्राण प्रतिष्ठा के बाद होगी रामराज्य की स्थापना
राम की कृपा से किसी भी भक्त की अयोध्या यात्रा अब रुकेगी नहीं। अब अयोध्या की गलियों में शांति स्थापना हो जाएगी। अयोध्या में सिर्फ सभी ओर रामराज्य का उत्सव मनाया जायेगा।सभी ओर रामकीर्तन की गूँज उठेगी। रामलला की प्राण-प्रतिष्ठा के बाद रामराज्य की स्थापना हो जाएगी।

