भारत रत्न : राहुल गाँधी की कर्पूरी ठाकुर पर प्रतिक्रिया, BJP पर साधा निशाना
1988 में कर्पूरी ठाकुर जी का निधन हो गया था, लेकिन वह इतने साल भी जाने के बाद भी पिछड़े और अति पिछड़े मतदाताओं के बीच बहुत लोकप्रिय बने हुए हैं।

नई दिल्ली (भारत). बिहार के रायपुर मुख्यमंत्री कर्पूरी ठाकुर को उनकी 100वीं जयंती पर कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने श्रद्धांजलि दी है। केंद्र सरकार द्वारा कर्पूरी ठाकुर को भारत रत्न देने के फैसले का राहुल गांधी ने बहुत स्वागत किया है। उन्होंने केंद्र सरकार पर भी निशाना साधा है।
राहुल गांधी ने कर्पूरी ठाकुर को दी श्रद्धांजलि
राहुल गांधी ने अपनी सोशल मीडिया एक्स पर एक पोस्ट में यह बताया कि कर्पूरी ठाकुर की जयंती पर मैं उनको सादर श्रद्धांजलि समर्पित करता हूं। वह समाज में न्याय के प्रति महान योद्धा रहें। उन्होंने केंद्र सरकार के इस फैसले का स्वागत किया है। हमें मरणोपरांत भारत रत्न दिया जा रहा है। 2011 में हुई सामाजिक और आर्थिक जाति जनगणना के नतीजे से भाजपा सरकार बचना चाहती है। राष्ट्रव्यापी जनगणना के प्रति उनकी बहुत ही उदासीनता थी, वह समाज में न्याय चाहते थे। भाजपा उनके आंदोलन को कमजोर करने का प्रयास कर रही है।
देश को चाहिए सच्ची वास्तविकता की न्याय
उन्होंने और बताया कि भारत जोड़ो न्याय यात्रा में एक बिंदु है वह बिंदु भागीदारी न्याय है। पांच न्याय बिंदु भारत जोड़ो न्याय यात्रा में है। सही रूप से न्याय और सामाजिक उत्थान ही कर्पूरी ठाकुर जी को देना अंतिम सच्ची श्रद्धांजलि होगी। इस देश को भी एक सच्ची वास्तविकता की न्याय चाहिए। सांकेतिक न्याय राजनीति नहीं चाहिए।
कर्पूरी ठाकुर कौन थे?
कर्पूरी ठाकुर बिहार के दो बार रहने वाले मुख्यमंत्री थे। उनकी लोकप्रियता पिछड़े वर्ग में बहुत छायी थी। वह उनके लिए वकालत के रूप में थे। उनकी पहचान एक स्वतंत्रता सेनानी, शिक्षक और राजनीतिक के रूप में बनी। 1988 में कर्पूरी ठाकुर जी का निधन हो गया था लेकिन वह इतने साल भी जाने के बाद भी पिछड़े और अति पिछड़े मतदाताओं के बीच बहुत लोकप्रिय बने हुए हैं।

