अयोध्या : PM मोदी ने संबोधन दिया, रामलला से जानिए किस लिए मांगी माफी?
प्रधानमंत्री ने रामलला से क्षमा मांगी कि दशकों तक यह कार्य नहीं हो पाया, देश की न्यायपालिका का न्याय दिलाने के लिए आभार जताया,

अयोध्या (उत्तर प्रदेश). प्रधानमंत्री प्राण प्रतिष्ठा करने के बाद अपना संबोधन दे रहे थे। उसी समय उन्होंने बताया कि देवों के आशीर्वाद और दिव्य आत्माओं की वजह से यह आज का कार्य पूरा हो पाया है। इसलिए इन सभी का मैं नमन करता हूं। राम लाल से मैं क्षमा याचना कर रहा हूं। हमारे पुरुषार्थ त्याग और तपस्या में जो कुछ कमी रह गई होगी, जिसकी वजह से हम इतने सालों तक यह काम नहीं कर पाए थे।
प्रभु करेंगे हमें अवश्य क्षमा
प्रधानमंत्री ने अपने संबोधन में बताया कि सदियों तक जो काम पड़ा रहा वह आज पूरा हो गया है इसलिए प्रभु आज हमें जरूर क्षमा कर देंगे। इतने दिनों से जो आपत्ति का यह समय था वह अब नहीं रह गया है। त्रेता युग में 14 वर्षों का ही आपत्ति का समय था। इस युग में अयोध्या और देशवासियों ने सैकड़ो वर्षों का वियोग सहकर आज सफल हुए हैं।
न्यायपालिका का आभार जताया
मोदी ने कहा कि संविधान की पहली प्रति में भगवान विराजमान है। संविधान के रहते हुए भी यह कार्य दशकों तक कानूनी लड़ाई में चला रहा। मैं भारत के न्यायपालिका का आभार व्यक्त कर रहा हूं जिसने न्याय की जीत कराई। इस न्याय के द्वारा ही अयोध्या में राम का मंदिर न्याय पूर्वक आज बन पाया है।

