
उड़ीसा (भुवनेश्वर). प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शनिवार को यानी कि आज उड़ीसा के संबलपुर में दौरे पर हैं। वहां उन्होंने भारतीय प्रबंधन संस्थान आईआईएम के परिसर का उद्घाटन किया। इस संस्थान को 400 करोड़ रुपए की लागत से बनाया गया है। प्रधानमंत्री ने संबलपुर में 68000 करोड़ की 18 परियोजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास कर दिया है। उद्घाटन समारोह में मुख्यमंत्री नवीन पटनायक और राज्यपाल रघुवर दास तथा केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान भी शामिल रहें।
बनाई गई नीतियां उड़ीसा के लिए बहुत फायदेमंद : PM Modi
प्रधानमंत्री ने अपने संबोधन में यह बताया कि उड़ीसा को हम शिक्षा और कौशल विकास का हब बनाने के लिए लगातार प्रयास कर रहे हैं। बीते 10 वर्षों में जितने भी संस्थान बनाये गए हैं उड़ीसा में वह युवाओं के जीवन को बेहतर बना रहे हैं। आईआईएसईआर बेरहामपुर, रासायनिक प्रौद्योगिकी संस्थान उड़ीसा के युवाओं का भविष्य उज्जवल बनाने के लिए, शीर्ष श्रेणी के संस्थान बनाकर प्रदान किया गए हैं। सरकार द्वारा बनाई गई नीतियां उड़ीसा के लिए बहुत फायदेमंद हुई हैं। खनन क्षेत्र में सुधार हो गया है, जिससे उड़ीसा की आमदनी में 10 गुना बढ़ोतरी हो गई है।
आडवाणी ने की देश के लिए अविस्मरणी और सम्मानीय सेवा
प्रधानमंत्री ने बताया कि आज देश ने अपने एक महान सपूत पूर्व प्रधानमंत्री लालकृष्ण आडवाणी को भारत रत्न देने का निर्णय कर लिया है। लाल कृष्ण आडवाणी ने देश के लिए अविस्मरणी और सम्मानीय सेवा की है। आडवाणी का यह सम्मान इस बात का प्रतीक है कि राष्ट्र सेवा करने वालों को कभी भूलता नहीं है। लाल कृष्ण आडवाणी जी का स्नेह और उनका मार्गदर्शन मुझे मिलता रहा इसके लिए मैं सौभाग्यशाली रहा।
पीएम मोदी ने रखी इन परियोजनाओं की आधारशिला
प्रधानमंत्री ने बिजली और रेलवे से जुड़ी कई बुनियादी ढांचा परियोजनाओं का शिलान्यास और उद्घाटन किया। प्रधानमंत्री ने 2021 में आईआईएम परिसर की आधारशिला रखी थी। पूरी-सोनपुरी-पुरी में साप्ताहिक एक्सप्रेस ट्रेन को मोदी ने हरी झंडी दिखाई, जिससे इस क्षेत्र में संपर्क सुधार अच्छा बनेगा। उन्होंने झारसुगुड़ा मुख्य डाक कार्यालय की हेरिटेज बिल्डिंग को भी राष्ट्र को समर्पित किया। जगदीशपुर-हल्दिया और बोकारो धामरा पाइपलाइन परियोजना के अंतर्गत 412 किलोमीटर लंबे धामरा अंगुल पाइपलाइन खंड का भी उद्घाटन किया। यह परियोजना उड़ीसा को राष्ट्रीय गैस ग्रिड से जोड़ेगी। इस परियोजना का निर्माण प्रधानमंत्री ऊर्जा गंगा के अंतर्गत लगभग 2450 कारोड़ रुपए की लागत से बनाया जाएगा।

